देहदानियों को राजकीय सम्मान के साथ दी गई विदाई
देवास/उज्जैन | विशेष संवाददाता

देवास में मानवता, सेवा और चिकित्सा शिक्षा के क्षेत्र में रविवार को एक ऐसा भावुक और ऐतिहासिक क्षण साकार हुआ, जिसने उपस्थित हर व्यक्ति की आंखें नम कर दीं। सेवाधाम आश्रम (अंकितग्राम) में निवासरत श्री प्रदीप वाडे (65 वर्ष) एवं श्रीमती रमा जी त्रेहान के देहदान संकल्प को देवास स्थित अमलतास मेडिकल कॉलेज में पूरे राजकीय सम्मान के साथ पूर्ण किया गया।
मध्यप्रदेश के मुख्यमंत्री डॉ. मोहन यादव की मंशानुसार देहदानियों को सर्वोच्च सम्मान देने की परंपरा का निर्वहन करते हुए अमलतास मेडिकल कॉलेज परिसर में पुलिस विभाग की टुकड़ी द्वारा उन्हें ‘गार्ड ऑफ ऑनर’ दिया गया। सम्मान की इस गरिमामयी घड़ी में पुलिस बल, कॉलेज के डीन डॉ. ए.के. पीठवा, श्री देवेंद्र दुबे, चिकित्सक, मेडिकल छात्र-छात्राएं तथा परिजन मौजूद रहे। वातावरण श्रद्धा, सम्मान और संवेदना से ओतप्रोत रहा।
यह पुनीत कार्य सेवाधाम आश्रम, ग्राम अम्बोदिया (उज्जैन) के संस्थापक श्री सुधीर भाई गोयल एवं मुस्कान ग्रुप के ट्रस्टी श्री संदीपन आर्य के विशेष प्रयासों से संपन्न हुआ। इस अवसर पर श्री गोयल ने बताया कि आयुष विभाग के दिशा-निर्देशों के अनुरूप तथा देहदानियों की अंतिम इच्छा का सम्मान करते हुए यह देहदान कराया गया। उन्होंने कहा कि यह देहदान चिकित्सा शोध और शिक्षा के क्षेत्र में मील का पत्थर सिद्ध होगा तथा भविष्य के डॉक्टरों को मानव शरीर की जटिल संरचना और कार्यप्रणाली को समझने में अमूल्य योगदान देगा।
देहदान अधिकारी श्री गजानंद चौहान ने पूरी प्रक्रिया की जानकारी देते हुए इसे विधिवत संपन्न कराया। वहीं अस्पताल प्रबंधक डॉ. मनीष शर्मा की भूमिका भी इस संपूर्ण व्यवस्था में महत्वपूर्ण रही।
इस अवसर पर अमलतास वेलफेयर सोसायटी के चेयरमैन ने सेवाधाम आश्रम एवं मुस्कान ग्रुप के प्रति हार्दिक आभार व्यक्त किया। उन्होंने कहा कि देहदान जैसा महान कार्य समाज के लिए प्रेरणास्रोत है। जब कोई व्यक्ति अपनी देह दान करता है, तो वह मृत्यु के बाद भी जीवन को दिशा देता है और भावी डॉक्टरों के निर्माण में अपना सर्वोच्च योगदान देता है।

