कई कालोनाइजरों के खिलाफ FIR दर्ज करने के लिए पुलिस थानों को लिखे पत्र
अवैध काटी गई कॉलोनी पर मध्य प्रदेश कॉलोनी विकास नियम 2021 के तहत हो रही कार्रवाई
देवास। अवैध कॉलोनीयों को लेकर प्रदेशभर में हो रही कार्रवाई के साथ ही अब देवास में भी ऐसी कार्रवाई देखने को मिलेगी। देवास शहर की करीब ढाई दर्जन कालोनियां नगर निगम के निशाने पर हैं। ऐसी सभी अवैध कॉलोनी के कॉलोनाइजरों को नगर निगम द्वारा नोटिस दिए गए हैं। करीब दो दर्जन से अधिक कॉलोनाइजरों के खिलाफ FIR दर्ज करने के लिए पुलिस को पत्र भी लिखे गए हैं।ऐसे कलोनाईजर जिनके द्वारा निगम सीमा क्षेत्र मे अवैधानिक रूप से अनाधिकृत कॉलोनी काटी जा रही है। ऐसे कालोनाईजरों के विरूद्ध कार्यवाही किये जाने के निर्देश देवास नगर निगम आयुक्त रजनीश कसेरा ने दिये गये। निगम अधिकारियों द्वारा ऐसे कॉलोनाईजरों के विरुद्ध निगम द्वारा कार्यवाही प्रारंभ की गई है। विशेषकर ये अनाधिकृत कॉलोनियां शहर के अमोना, देवास सीनियर, बिलावली, ब्राह्मण खेड़ा, पालनगर, बिंजाना, बावड़िया, कालूखेड़ी, नौसराबाद, इटावा, जेतपुरा में काटी गई जिनके विरुद्ध संबंधित अनाधिकृत कॉलोनियों के कॉलोनाईजरों को निगम द्वारा म.प्र. कॉलोनी विकास नियम 2021 के अन्तर्गत सूचना पत्र जारी कर संबंधितों के विरुद्ध संबंधित थानों में एफ.आई.आर.दर्ज करने हेतु पत्र लिखे गये हैं। आयुक्त ने अपील की है कि आम नागरिक ऐसी अनाधिकृत कॉलोनी में किसी भी प्रकार का कोई भूखण्ड क्रय/करार नहीं करे तथा ऐसी अनाधिकृत कॉलोनी की जानकारी नगर निगम के कॉलोनी सेल विभाग से नागरिक प्राप्त कर सकते हैं। उक्त अनाधिकृत कॉलोनी ग्रीन बेल्ट की भूमि पर भी स्थापित की गई है। ऐसे स्थानों पर किये गये निर्माण/विकास कार्यों को नगर निगम द्वारा त्वरित हटाये जाने की कार्यवाही की जा रही है। आयुक्त ने बताया कि वर्तमान में नगर निगम देवास द्वारा ऐसी 30 अनाधिकृत कॉलोनी चिन्हित कर कार्यवाही की गई है जो कि अधिकांश अमोना, देवास सीनियर, बिलावली, ब्राह्मण खेड़ा, पालनगर, बिंजाना, बावड़िया, कालूखेड़ी, नौसराबाद, इटावा, जेतपुरा क्षेत्र में स्थित है। उक्त कॉलोनी के अतिरिक्त ऐसी ओर कई अनाधिकृत कॉलोनी जो विकसित की जा रही है के विरुद्ध संबंधित उपयंत्रियों को शीघ्र सर्वे/कार्यवाही करने के लिये निर्देशित किया गया है।


